गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से रेलवे को शर्मिंदा करने वाला एक मामला सामने आया है। जिसमें चलती ट्रेन में 22 वर्षीय युवती से रेप किया गया। युवती ने गोरखपुर पहुंच कर जीआरपी में केस दर्ज कराया। युवती मऊ में ट्रेन पर सवार हुई थी वह परीक्षा देकर लौट रही थी। प्राप्त जानकारी के अनुसार ट्रेन में सवार होने के बाद उसने टीटीई को टिकट बनाने को कहा। इस पर टीटीई ने बिना टिकट ट्रेन में चढ़ने को लेकर कार्रवाई का भय दिखाया। युवती को एसी फर्स्ट के केबिन में ले गया। दरवाजा बंद कर रेप की घटना को अंजाम दिया। चलती ट्रेन की केबिन में रेप की घटना का मामला सामने आते ही सनसनी मच गई। मामले में सामने आया है कि रेलवे प्रशासन ने आरोपी टीटीई को सस्पेंड कर दिया है। गोरखपुर और देवरिया जीआरपी की टीमों को आरोपित की गिरफ्तारी के लिए लगाया गया है।
रेप के मामले में पुलिस ने बताया कि अहमदाबाद-गोरखपुर एक्सप्रेस में टीटीई पर पीड़िता को फंसाकर रेप का आरोप लगा है। पुलिस ने बताया कि शिकायत में युवती ने मऊ से ट्रेन में सवार होने की बात कही। इसके बाद उसने टीटीई को गोरखपुर का टिकट बनाने को कहा। टीटीई उसे ले जाकर एसी फर्स्ट बोगी में बैठा दिया। इसके बाद वह वहां पहुंचा। उसने भीतर से कुंडी बंद की और दुराचार करने लगा।
देवरिया के पास चलती ट्रेन में रेप का आरोप लगा है। युवती एनसीसी सर्टिफिकेट की परीक्षा देने मऊ गई थी। युवती ने डायल-112 पर घटना की सूचना दी। खुद को फंसता देखकर टीटीई ट्रेन से कूदकर फरार हो गया। इसके बाद युवती ने गोरखपुर पहुंचकर जीआरपी में तहरीर दी। जीआरपी गोरखपुर से देवरिया जीआरपी को केस ट्रांसफर किया गया है। मामले में एसपी ने कहा कि केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोपी पटना का निवासी
जीआरपी की ओर से आरोपी को पकड़ने के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। हालांकि, अब तक वह पकड़ में नहीं आया है। आरोपी टीटीई के बारे में जानकारी सामने आई है कि वह मूल रूप से बिहार के पटना का रहने वाला है। घटना के बाद से ही फरार है। पुलिस ने रेप के अलावा अपने कर्तव्य का निर्वहन करने की जगह दुरुपयोग करने की धारा को भी लगाया गया है। सरकारी जिम्मेदारों पर यह धारा लगाई जाती है। इसमें पांच वर्ष से अधिक की सजा का प्रावधान है। साथ ही, आरोपी पर ईनाम भी घोषित किया जा सकता है।
देने गई थी सी सर्टिफिकेट परीक्षा
युवती को लेकर जानकारी आई है कि वह मऊ की रहने वाली है। गोरखपुर में किराए के मकान में रहती है। रविवार को वह गोरखपुर आने के लिए 5 बजे ट्रेन पर सवार हुई थी। एनसीसी सी सर्टिफिकेट परीक्षा देकर लौट रही थी। ट्रेन आने के कारण वह हड़बड़ी में टिकट नहीं ले पाई। ट्रेन में सवार होने के बाद कार्रवाई का डर दिखाकर टीटीई ने पहले सीट का भरोसा दिलाया। इसके बाद एसी फर्स्ट केबिन में लेकर दुराचार किया।
पुलिस ने शुरू की कार्रवाई
जीआरपी के एसपी लक्ष्मी निवास मिश्र ने मामले में कहा है कि घटना सामने आने के तुरंत बाद ही जीआरपी गोरखपुर में केस दर्ज किया गया। घटना देवरिया के पास हुई है। इस वजह से केस को ट्रांसफर कर दिया गया है। आरोपी की तलाश में छापेमारी चल रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पीड़ित का मेडिकल और बयान देवरिया में होगा। पीड़िता के परिवार के लोग भी पहुंच गए हैं।









